फरसाबाहर जनपद पंचायत में भारी भ्रष्टाचार के आरोप, 10 लाख की सड़क 10 माह में ही जर्जर…

फरसाबाहर। आमतौर पर ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क नहीं होने से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है, लेकिन फरसाबाहर जनपद पंचायत क्षेत्र के काँसाटोली में बनी सड़क अब ग्रामीणों के लिए परेशानी का कारण बन गई है। जनपद पंचायत मुख्यालय से चंद दूरी पर स्थित इस सड़क की हालत देखकर निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, यह सड़क सरगुजा विकास प्राधिकरण के तहत लगभग 10 लाख रुपये की लागत से बनाई गई थी। स्थानीय लोगों का आरोप है कि सड़क निर्माण के महज 10 माह के भीतर ही सड़क उखड़ने लगी है और जगह-जगह क्षतिग्रस्त हो गई है। ऐसे में निर्माण कार्य में अनियमितता और भ्रष्टाचार की आशंका जताई जा रही है।
ग्रामीणों का कहना है कि जब निर्माण स्थल जनपद पंचायत कार्यालय के नजदीक हो और अधिकारियों की निगरानी में कार्य कराया गया हो, तब भी इतनी घटिया गुणवत्ता का निर्माण होना कई सवाल खड़े करता है। लोगों का आरोप है कि संबंधित अधिकारी, इंजीनियर और एसडीओ की मौजूदगी के बावजूद निर्माण कार्य में गुणवत्ता मानकों का पालन नहीं किया गया।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि जनपद मुख्यालय के पास बनी सड़क की यह स्थिति है, तो दूरस्थ क्षेत्रों में हो रहे विकास कार्यों की गुणवत्ता का सहज अनुमान लगाया जा सकता है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
गौरतलब है कि यह क्षेत्र मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के विधानसभा क्षेत्र से भी जुड़ा माना जाता है। ऐसे में विकास कार्यों की गुणवत्ता को लेकर उठ रहे सवाल प्रशासन और संबंधित विभागों की कार्यप्रणाली पर भी प्रश्नचिह्न लगा रहे हैं।
ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन से सड़क निर्माण की तकनीकी जांच कराने तथा जिम्मेदार अधिकारियों एवं ठेकेदारों पर उचित कार्रवाई करने की मांग की है।





