सोना पहुंचा नई बुलंदी पर, जानिए क्या हैं तेजी के 5 बड़े कारण

घरेलू बाजार में मंगलवार, 23 सितंबर को सोने के दाम एक बार फिर रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गए। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सुबह के कारोबार में सोना 10 ग्राम पर ₹1,12,419 के नए रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया। वैश्विक बाजार में सकारात्मक रुख और पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा प्रस्तावित आयात शुल्क (टैरिफ) को लेकर अनिश्चितता ने इस रैली को बढ़ावा दिया।
सुबह लगभग 9:15 बजे, MCX पर अनुबंधों की कीमतें इस प्रकार थीं…
सोना (अक्टूबर फ्यूचर्स): ₹1,12,397 प्रति 10 ग्राम, जो 0.15% की बढ़त दर्शाता है।
चांदी (दिसंबर फ्यूचर्स): ₹1,33,389 प्रति किलोग्राम, जो 0.12% की मामूली गिरावट के साथ कारोबार कर रही थी।
सोने में तेजी के 5 प्रमुख कारण
विशेषज्ञों के अनुसार, सोने की कीमतों में इस ऐतिहासिक उछाल के पीछे कई कारण हैं…
कारण नंबर 1
ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद: अमेरिकी फेडरल रिजर्व (फेड) द्वारा हाल ही में 0.25% की ब्याज दर में कटौती और साल में दो बार और कटौती की संभावना ने सोने की चमक बढ़ा दी है, क्योंकि कम ब्याज दरें सोने को और आकर्षक बनाती हैं।
कारण नंबर 2
सुरक्षित निवेश की ओर रुख: दुनिया भर में भू-राजनीतिक तनाव (जैसे रूस-यूक्रेन युद्ध) और ट्रंप के टैरिफ प्रस्तावों को लेकर आर्थिक अनिश्चितता के चलते निवेशक सोने जैसे सुरक्षित संपत्ति की ओर बढ़ रहे हैं।
कारण नंबर 3
केंद्रीय बैंकों की मजबूत खरीद: विशेष रूप से एशिया के केंद्रीय बैंक डॉलर पर निर्भरता कम करने के लिए लगातार सोना खरीद रहे हैं।
कारण नंबर 4
कमजोर डॉलर: अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपये की कमजोरी ने भी घरेलू बाजार में सोने की कीमतों को ऊपर रखने में मदद की है।
कारण नंबर 5
मजबूत त्योहारी मांग: त्योहारों के सीजन के दौरान सोने की खरीदारी बढ़ने की उम्मीद ने भी कीमतों को समर्थन दिया है।
क्या कह रहे एक्सपर्ट
मेहता इक्विटीज के कमोडिटी विभाग के उपाध्यक्ष, राहुल कलंतरी ने कहा, “अमेरिकी फेड की ब्याज दर में कटौती और साल के अंत तक और रियायत की संभावना ने सोने के प्रति रुख को सकारात्मक बनाया है, जबकि कमजोर डॉलर और रुपये ने गति प्रदान की है। लगातार केंद्रीय बैंकों की खरीद, ईटीएफ में मजबूत निवेश और सुरक्षित संपत्ति की मांग ने कीमतों को और बढ़ावा दिया है।”




